करनाल – सवालों से पहले मुख्यमंत्री ने बोलते हुए कहा कि कोरोना काल की अब तक की अवधि में जो कुछ हुआ, उनमें बहुत से अच्छे काम हंै। उन्होंने कहा कि पंजाब और हरियाणा कृषि प्रधान तथा अन्न उत्पादन के दो प्रमुख राज्य है। इस काल में गेंहू खरीद का कार्य एक बड़ी चुनौती थी, लेकिन उसको बड़े व्यवस्थित तरीके से कामयाब किया। राज्य में गेंहू खरीद केन्द्रों की संख्या 400 से बढ़ाकर 1800 की गई और सरसों के खरीद केन्द्र 100 से 200 किए गए। किसानों को समय पर उनकी फसल की अदायगी की गई। उन्होंने बताया कि 10 मई तक किसानों की सारी पेमेंट चली गई है, अगले दो-तीन दिन में आढ़तियों को शेष पेमेंट मिल जाएगी और 31 मई तक सभी किसानों की अदायगी हो जाएगी। हरियाणा के किसानों का एक-एक दाना खरीदा गया, अब दूसरे राज्यों से आने वाली गेंहू खरीदी जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में कोरोना के अब तक 1200 पोजिटिव केस सामने आए है, जिनमें करीब 400 एक्टिव केस है और उनका ईलाज चल रहा है। करनाल के संदर्भ में उन्होंने कहा कि कोरोना केसों को लेकर यहां की स्थिति भी ठीक रही है। उन्होंने कहा कि कोरोना काल में राधा स्वामी सत्संग घर, डेरा कार सेवा, निर्मल कुटिया के अतिरिक्त अन्य सामाजिक संस्थाओं ने प्रशासन की मदद की और प्रवासी व जरूरतमंदों को भोजन व सूखा राशन पहुंचाया। धार्मिक नेताओं ने सामाजिक सौहार्द बनाया। जनता को निष्पक्ष और समय पर सूचनाएं पहुंचाकर मीडिया की भूमिका प्रशंसनीय है।

उन्होंने कहा कि कोरोना काल में कुछ नई व्यवस्थाएं भी बनी है, जिनका संबंध रिफार्म यानि सुधार से है, इनमें जनता से ऑनलाईन सम्पर्क, बीपीएल परिवारों को दोगुना राशन, डिस्ट्रैस राशन टोकन से 4 लाख 85 हजार परिवारों को राशन, रिलीफ कैम्प लगाना, दूसरे प्रदेशों के ऐसे लोग जो हरियाणा में रूके रहे, को हर तरह की सुविधा दी गई, 3 लाख प्रवासियों को रेल व बस जैसी सुविधाओं से उनके घर भेजा गया, 50 हजार छोटी-बड़ी औद्योगिक ईकाईयां चालूू करवाई गई, जिनमें 25 से 28 लाख लोग काम से जुड़े, शामिल है। अब नियमित ट्रैफिक की मूवमेंट भी शुरू हो गई है। उन्होंने कहा कि कोरोना कब खत्म होगा, इस बारे कुछ नहीं कहा जा सकता, लेकिन इससे काफी कुछ सीखा है, अर्थात मुसीबत में कैसे रास्ता खोजना चाहिए। कोरोना से लड़ाई लम्बी हो सकती है, लेकिन हरियाणा के लोग इससे हारने वाले नहीं है। दूसरे प्रदेशों की तुलना में हरियाणा प्रदेश की व्यवस्थाएं काफी बेहतर रही। अब आगे होटल इत्यादि जो होम डिलीवरी कर रहे है, उनको भी मुख्य धारा में लाएंगे।

व्यवस्थाओं का जिक्र करने के बाद मुख्यमंत्री ने पत्रकारों के प्रश्रों के जवाब दिए। एक प्रश्र के उत्तर में मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार की ओर से कुटीर उद्योगों में मालिक 20 हजार रूपये तक का ऋण बिना ब्याज के एक मजदूर के लिए प्रावधान किया गया है ताकि वह मजदूर को आर्थिक सहयोग कर सके। एमएसएमई के माध्यम से अब ऐसी व्यवस्था बनाई गई है कि 25 से 30 लाख लोगों को रोजगार से जोड़ा जा रहा है। एक अन्य प्रश्र के उत्तर में मुख्यमंत्री ने बताया कि कोरोना काल के चलते भविष्य में यदि परिस्थितियां विकट हो जाती है तो इसके लिए सरकार की ओर से अस्पतालों में पूरी तैयारी की गई है। भूमिगत जल की बचत के लिए उन्होंने कहा कि प्रदेश के 8 ब्लॉक ऐसे है, जहां भूमिगत जल करीब डेढ़ सौ फुट नीचे चला गया है, यदि इसका दोहन इसी प्रकार से जारी रहा तो आने वाली पीढिय़ां कोसेगी। किसानों से कहा गया है कि वे हैप्पी सीडर जैसी मशीनों से धान की सीधी रोपाई करें। मक्का और दलहन फसलों पर सरकार की ओर से किसानों को 7 हजार प्रति एकड़ की सब्सिडी देने का ऐलान किया गया है।
उन्होंने बताया कि बाढ़ सम्भावित क्षेत्रों में सरकार की ओर से बोरवेल बनाने की योजना पर काम किया जा रहा है। इससे भूमिगत जल स्तर उपर आ सकेगा। एक अन्य सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने बताया कि नीजि स्कूलों को कहा गया है कि वे अभिभावकों से टयूशन फीस लें, सभी स्कूल आर्थिक रूप से सक्षम नहीं है और फीस ही उनका मुख्य स्त्रोत है, इससे उनको अध्यापकों की सैलरी इत्यादि भी देनी पड़ती है। उन्होंने बताया कि लॉक डाउन के चलते बिजली बिलों के लिए भी सरकार की ओर से रास्ता निकाला गया है, अप्रैल मास के बिल औसत आधार पर एडस्ट किए जाएंगे और 31 मई तक के बिलों पर कोई जुर्माना नहीं लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि इज ऑफ डूईंग से हरियाणा निवेशकों की पहली पसंद बन गया है और भविष्य में यहां औद्योगिक कलस्टरों से बेरोजगारों के लिए रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। बिहार व उत्तर प्रदेश के करीब 1 लाख कामगारों ने इच्छा प्रकट की है कि वे हरियाणा में काम करना चाहते है। प्रदेश के युवकों को भी रोजगार देंगे। एक अन्य प्रश्र के उत्तर में उन्होंने बताया कि तुफान व ओलावृष्टि से जिन किसानों की फसले खराब हुई है, उनकी विशेष गिरदावरी की जाएगी और सरकारी सिस्टम के तहत बीमा दिया जाएगा।
इस कार्यक्र म मे भाजपा के जिलाध्यक्ष जगमोहन आनंद, मुख्यमंत्री के प्रतिनिधि संजय भटला, मेयर रेणू बाला गुप्ता भी उपस्थित रही।























