किशोर सिंह / अजमेर – सेना शिक्षा कोर के प्रमुख अपर महानिदेशक मेजर जनरल ए.के. व्यास राष्ट्रीय मिलिट्री स्कूल, अजमेर में 16 व 17 जनवरी 2018 को तकनीकी निरीक्षण करेंगे। जनरल व्यास का शिक्षा के क्षेत्र में काफी अनुभव है और भारत देश के पाँचों राष्ट्रीय मिलिट्री स्कूल, अजमेर, धौलपुर, बैलगाम, बैगलुरू, चैल (हिमाचल प्रदेष) की षिक्षण व्यवस्था को ऊपर उठाने में अहम् भूमिका निभा रहे हैं। जनरल आॅफिसर अपना कार्य पूरी निष्ठा, लगन और जिम्मेदारी के साथ करते हैं जो कि एक प्रशंसनीय है। अपनी इस कार्य कर्मठता के लिए जनरल व्यास को जनरल आॅफिसर कमांडिग इन चीफ द्वारा ‘‘आर ट्रेक’’ प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया गया।
मेजर जनरल ए.के.व्यास का कैरियर (जीवन) बहुत ही प्रख्यात रहा है। सेना शिक्षा कोर के प्रमुख बनने से पहले जनरल व्यास सेना मुख्यालय दिल्ली में ‘‘सूचना का अधिकार’’ (आर.टी.आई.) विभाग के अतिरिक्त महानिदेशक के रूप में कार्य किया है। इसके साथ ही भारतीय सैन्य अकादमी देहरादून में शिक्षा विभाग के विभागाध्यक्ष रह चुके हैं।
इस तकनीकी निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य यह है कि कैडेट्स का चहुंमुखी विकास हो और अच्छी गुणवत्ता स्तर की शिक्षा प्राप्त हो और विद्यालय के कैडेट्स को जल, थल एवं वायु सेना मेें अधिकारी बनाना और राष्ट्रीय मिलिट्री स्कूल अजमेर के भविष्य में शिक्षा के स्तर को ओर अच्छा बनाना है।
सन् 1930 से राष्ट्रीय मिलिट्री स्कूल, अजमेर खुला है। जब से आज तक अपने उद्देष्यों को पूरा करने में अहम् भूमिका निभा रहा है। विद्यालय आधुनिक शिक्षा देने में अनेकों चुनौतियों का मुकाबला करते हुए कला, विज्ञान, तकनीकी शिक्षा छात्रों को दे रहा है, जिसे छात्र अपने जीवन में उतार सकें।

























