रिपोर्ट – कान्ता पाल/ नैनीताल – नैनीताल के रइस होटल क्षेत्र में लगातार चार दिनों से बड़े बड़े बोल्डर गिरने की भयावह तस्वीरें आई थी । इसको देखते हुए सोमवार को जिलाधिकारी विनोद कुमार सुमन और नैनीताल विधायक संजीव आर्या ने प्रभावित क्षेत्र का दौरा किया था । खतरे को देखते हुए तय किया गया था कि क्षेत्र से सभी लोगों को हटा दिया जाए । पुलिस ने वहां वाहनों की आवाजाही पर पूरी तरह से रोक लगा है। आज सवेरे वह जगह भी खिसक गई जहां सोमवार सवेरे विधायक और जिलाधिकारी ने खड़े होकर स्थलीय निरीक्षण किया था । नैनीताल के पूर्वी हिस्से में बसे रईस होटल क्षेत्र से चंद कदमों की दूरी पर लगातार हो रहे भूस्खलन ने सन 1993 से अबतक लगभग 300 मीटर हिस्से को अपनी चपेट में ले लिया है । यहां अब ताजा असर नैनीताल और वीरभटी क्षेत्र को जोड़ने वाली सड़क पर पड़ा है । पहले तो पेड़ और बिजली के पोल भूस्खलन की चपेट में आए और अब सड़क का एक बड़ा हिस्सा भी खाई में समा गया है । विधायक और जिलाधिकारी ने वहां खड़े होते समय ये नहीं सोचा होगा कि जहां वो खड़े हैं वो क्षेत्र कल तक नहीं रहेगा । प्रशासन ने 17 परिवारों में से 12 को स्कूलों में विस्थापित कर दिया है जाबकी 5 परिवार अपने रिश्तेदारों के घरों में रह रहे हैं । जमीन में आई दरारें साफ इशारा कर रही हैं कि सारे मकान खतरे की मुआयने पर हैं ।
























