रिपोर्ट -कांता पाल /नैनीताल- – नैनीताल के निकटवर्ती गांव सौलिया, तल्ला कूण के ग्रामीणों ने पंचायत चुनाव का बहिष्कार शुरू कर दिया है। पंचायत चुनावों का बहिष्कार कर रहे ग्रामीणों का कहना है कि 90 के दशक से ग्रामीण गांव से मुख्य मार्ग तक सड़क बनाने की मांग करते आ रहे है। लेकिन उनकी सुध न तो प्रशासन ने ली न ही किसी जनप्रतिनिधियों ने। चुनाव बहिष्कार कर रहे लोगों का कहना है उन्हें आज तक कोरे आश्वासन से सिवा कुछ नहीं मिला सड़क न होने से गाँव के बीमार बुजुर्गों व गर्भवती महिलाओं को किलोमीटर पैदल चलकर मुख्य मार्ग तक आना पड़ता है। ग्रामीणों ने रोड नहीं तो वोट नहीं का ऐलान करते हुए कहा गाँव के लोग पूरी तरह खेती पर निर्भर करते है। मौसमी सब्जियां उगाकर अपना गुजर बसर करते है। लेकिन वर्षा काल के दौरान गधेरे में तीव्र उफान के चलते वे मंडी तक अपनी फसलें बेचने नही ले जा पाते जिसके चलते उनकी सब्जियां खेतों में ही खराब हो जाती है।
जब स्थानीय युवतीं किरण से चुनाव बहिष्कार के बावत बात की तो वो भावुक हो गई और कहने लगी पिछले 5 वर्षों से उनकी माँ बीमार है सड़क न होने से उन्हें बार बार जिला मुख्यालय चिकित्सालय ले जाना संभव नहीं हो पाता। वही सौलिया गाँव की बुजुर्ग महिला कमला देवी का कहना है कि कृषि पर निर्भर काश्तकारों के सामने रोजी रोटी का संकट खड़ा हों गया है। चूल्हा जलाने के लिए भी उन्हें 4 किलोमीटर गैस सिलेंडर घोड़ों या कंधों में ढोकर लाने पड़ते है।
























