करनाल – पुलिस ने ब्लाइंड मर्डर की गुत्थी को सुलझा लिया है कि बेटे ही पिता के हत्यारे निकले l बब्ली पत्नी संदीप वासी कुन्जपुरा जिला करनाल ने थाना सिविल लाईन करनाल में शिकायत दी कि उसका पति संदीप पिछले कई दिनों से बीमार था ,वह बलबीर चौधरी हस्पताल करनाल में ईलाज के लिए भर्ती था। जो दिनांक 27.10.18 को उसके देवर कुलदीप ने हस्पताल से उसके पति की छुटृटी करवा दी और कुलदीप ने उसके पति व ससुर शक्ति सिंह को किडनैप कर लिया है। क्योंकि हस्पताल में बब्ली का ससुर भी कुलदीप के साथ था और छुटृटी होने के बाद अब तक उनमें से कोई भी घर नही पहुंचा है l
शिकायत के बाद ए.एस.आई. जितेन्द्र सिंह ने मामले की जांच शुरू की तो बीती शाम सै0-08 ग्रीन बैल्ट के पास से दोनों भाईयों संदीप व कुलदीप को पुलिस ने गिरफतार कर लिया। पुलिस टीम द्वारा जब उन दोनों से उनके पिता के विषय में पुछताछ की गई तो वे पुलिस को गुमराह करने का प्रयास करते हुए पुलिस के सवालों के अटपटे से जवाब देने लगे, लेकिन उनकी बाते जितेन्द्र सिंह को काफी हद तक ठीक नही लग रही थी। जिसपर जितेन्द्र सिंह ने उनके साथ सख्ती से पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि दिनांक 27.10.18 को हस्पताल से छुटृटी होने के बाद जब वे घर जा रहे थे। तो रास्ते में कलवेहड़ी से सुभरी के बीच में उनके पिता के साथ उनकी कहा सुनी हो गई और उनके पिता ने उन्हें धमकी देना शुरू कर दिया कि चाहे जो भी हो जाए वह अपनी जमीन में से उन्हें एक इंच भी नही देगा व पूरी जमीन को बेच देगा। जिसपर क्रोध में आने के कारण उन्होंने हथोड़े के साथ अपने पिता के सर पर वार कर दिए, जिससे उसकी मृत्यु हो गई। इसके बाद वे घबरा गए और उन्होंने अपने पिता के शव को व जिस हथोड़े से वारदात को अंजाम दिया था उसे नहर में फेंक दिया। इसके बाद पुलिस को गुमराह करने के लिए उन्होंने अपनी गाड़ी को बस स्टैंड अंबाला कैंट पार्किंग में छोड़ दिया था।
इस संबंध में जानकारी देते हुए प्रबंधक थाना सिविल लाईन करनाल निरीक्षक मोहन लाल ने बताया कि उनके पास मामले में आरोपी संदीप की पत्नी बब्ली शिकायत लेकर आई थी कि उसके पति व ससुर को उसके देवर ने किडनैप कर लिया है। हमने मामला दर्जकर ए.एस.आई. जितेन्द्र सिंह की अध्यक्षता में एक टीम का गठन किया व मामले की जांच शुरू की। शिकायत मिलने से अगले ही दिन वह गाड़ी जिसमें वे तीनों हस्पताल से निकले थे बस स्टैंड अंबाला कैंट की पार्किंग से बरामद हुई, जिसमें कई जगह खून के दाग लगे हुए थे। पूछताछ पर इन दोनों भाईयों ने बताया कि जमीन की बातों पर पिता के साथ कहासुनी होने पर क्रोध आने के कारण उन्होंने अपने पिता के सर में हथोड़ी से वार कर दिए, जिससे उसकी मौत हो गई। जिसके बाद हमने शव व हथोड़े को नदी में फेंक दिया। पुलिस द्वारा मामले में भा.द.स. की धारा 302,34 को शामील किया गया है। आज दोनों आरोपियों को अदालत के सामने पेशकर तीन दिन का पुलिस रिमांड हासिल किया गया।
























