किशोर सिंह / जयपुर – मैला ढोने वाली बहनों की शाही शादी पूरे शहर में चर्चा का विषय बनी हुई है l आर्थिक तंगी से इस काम को करने पर दोनों बहनों के लिए वो भावुक क्षण थे जब शाही अंदाज में हाथियों पर उनकी दूल्हे आए और उन्हें परंपरागत रूप से शादी की। सुलभ इंटरनेशनल संस्थान की ओर से आयोजित इस शाही शादी में शहर के बड़ी शख्सियतों के अलावा संस्थान पदाधिकारी मौजूद रहे। सुलभ इंटरनेशनल संस्थान की सोनू गुप्ता ने बताया कि 2008 में आर्थिक तंगी की मजबूरी से परेशानी होकर सरिता और रजनी पढ़ाई छोड़कर मेला ढोने का काम करने लगी।
संस्था से जुड़ने के बाद दोनों की बहनों की जिंदगी में बदलाव आया और दोनों ने संस्थान की ओर से चलाई जा रही विभिन्न प्रशिक्षण में भाग लेकर न सिर्फ या मेला ढोने का काम बंद किया बल्कि खुद को आत्मनिर्भर भी बनाया। इसके अलावा उन्होंने अपनी पढ़ाई भी दोबारा शुरू की दी। संस्थान की मदद से रजनी ने जहां आईटीआई व पॉलोटेक्निक में कोर्स किया है। मंगलवार की शाही अंदाज में हुई दोनों बहनों की शादी में शहर के प्रबुद्ध नागरिकों के अलावा संस्थान के फाउंडर डॉ. विंदेश्वर पाठक ने भी भाग लेकर नवदंपति का आर्शीर्वाद दिया। इससे पूर्व दोनों बहनों के दूल्हे सज-संवरकर हाथियों पर सवार होकर कृषिमंडी के सामने स्थित एक धर्मशाला मे आयोजित शादी समारोह में परिणय सूत्र में बंधे।


























